दृढ़ संकल्प और विश्वास के साथ कार्य करने से सफलता अवश्य मिलती है : राज्यपाल सुश्री उइके



रायपुर। राज्यपाल सुश्री अनुसुईया उइके ने युवाओं से कहा कि यदि वे दृढ़ संकल्प के साथ और मन में विश्वास लेकर कार्य करेंगे तो जीवन में हमेशा सफल होंगे। युवाओं को अपनी आकांक्षाओं के साथ ही राष्ट्र की सेवा और प्रगति के बारे में भी सोचना होगा। उन्होंने कहा कि डिग्री प्राप्त करना सिर्फ अच्छी तनख्वाह पाने वाले नौकरी के रूप में जाना जाए बल्कि देश की मूलभूत समस्याओं के समाधान के लिए भी अपने ज्ञान का उपयोग करना चाहिए। उक्त उद्गार राज्यपाल ने आज डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी अंतर्राष्ट्रीय सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान, नया रायपुर में आयोजित द्वितीय दीक्षांत समारोह में व्यक्त की। 

समारोह में उच्च शिक्षा एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री उमेश पटेल, पूर्व निदेशक आई.आई.टी. खड़गपुर प्रोफेसर दामोदर आचार्य (वर्चुअल रूप से), सौरभ श्रीवास्तव बोर्ड के अध्यक्ष उपस्थित थे। अतिथियों ने 04 पीएचडी धारकों को, 11 एमटेक विद्यार्थियों को और 223 बी.टेक विद्यार्थियों को डिग्री प्रदान की। इसके अलावा उत्कृष्ट कार्य के लिए विद्यार्थियों को स्वर्ण एवं रजत पदक भी प्रदान किए गए। राज्यपाल ने डिग्री एवं पदक प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों एवं उनके अभिभावकों को बधाई दी और कहा कि छत्तीसगढ़ प्रदेश के लिए यह ऐतिहासिक क्षण है

जहां नवोदित और आदिवासी बाहुल्य राज्य में स्थापित संस्थान से उत्तीर्ण होकर राष्ट्र की सेवा के लिए विशेषज्ञ निकल रहे हैं। हम जानते हैं कि हमने बौद्धिक संपदा के दम पर पूरे विश्व में लोहा मनवाया है। सिंगापुर से सिलिकॉन वैली तक हमारे भारतीय ब्रांड एम्बेसडर रहे हैं, यहां तक कि विश्व के प्रमुख सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान के मुखिया के रूप में भी हमारे भारतीय युवा नेतृत्व करते रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी भी युवाओं को देश का भविष्य मानते हैं और आत्मनिर्भर भारत और स्टार्टअप जैसी योजनाएं लागू कर सबकी बेहतरी के लिए प्रयास कर रहे हैं।

उन्होंने पूर्व राष्ट्रपति डॉ. .पी.जे. अब्दुल कलाम के महान व्यक्तित्व और कार्यों को याद किया कि किस तरह अपनी सरलता और ज्ञान के दम पर वे लोगों के विशेषकर युवाओं के दिलों में राज करते रहे और उनसे अनेकों युवाओं ने प्रेरणा ली और जीवन में सफल हुए। राज्यपाल ने कहा कि डाटा एनालिसिस जैसी नये विधा का उपयोग, जलवायु परिवर्तन और पर्यावरण प्रदूषण नियंत्रण पर किया जा सकता है। इस पर शोध करने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि डिजिटल इमेजिंग का उपयोग कृषि में उत्पादन बढ़ाने के लिए करें और इस पर अध्ययन करें कि किन क्षेत्रों में कौन सी फसल बोई जा रही है, कौन सा क्षेत्र कितना सिंचित है

पिछले कुछ सालों में वनों का प्रतिशत कितना बढ़ा है या घटा है। उन्होंने कहा कि आपकी संस्था ने आसपास के जिन गांवों को गोद लिया है, उसे ऐसा तैयार करें कि उन्हें स्मार्ट विलेज के रूप में जाना जाए, वहां की अधिकतर व्यवस्थाएं आई.टी. पर आधारित हो और वहां के सभी नागरिक डिजिटल व्यवस्था के उपयोग के लिए जागरूक हो। दूरस्थ क्षेत्र के गांवों के स्कूली बच्चों को अपने कैंपस का भ्रमण कराएं और यहां पर पढ़ाये जाने वाले पाठ्यक्रम, नई विधा और तकनीक से बच्चों को परिचित कराएं ताकि उन बच्चों में ऐसे संस्थानों में पढ़ने की ललक जागे और वे यहां अध्ययन करने के लिए प्रेरित हों।

राज्यपाल ने कहा कि मुझे यह जानकर अत्यंत प्रसन्नता हुई कि संस्थान से उत्तीर्ण विद्यार्थियों को प्रतिष्ठित कंपनियों में नौकरी मिली और कुछ विद्यार्थियों को उत्कृष्ट भारतीय एवं अंतर्राष्ट्रीय संस्थानों में भी उच्च शिक्षा के लिए प्रवेश मिला। संस्थान द्वारा अपने विजन 2.0 को लागू करने के लिए भी कड़ी मेहनत की जा रही है, जिसमें ट्रिपल आई.टी. नवा रायपुर को कृषि, फारेस्ट्री और ग्रामीण विकास के लिए एक लाईव शोध प्रयोगशाला बनाना शामिल है। उन्होंने कहा कि संस्थान द्वारा स्थापना के छह वर्षों में ही उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल की, जो कि सराहनीय है।

उच्च शिक्षा एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री उमेश पटेल ने कहा कि अंतर्राष्ट्रीय सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान द्वारा कोविड महामारी के दौरान भी पढ़ाई प्रभावित नहीं हो इस संबंध में पूरी व्यवस्था की गई, जो कि सराहनीय है। उन्होंने कहा कि संस्थान द्वारा भारत सरकार, छत्तीसगढ़ शासन सहित अनेक प्रतिष्ठित एजेंसियों से एम..यू. किया गया है। यहां के विद्यार्थियों ने कई इनोवेशन भी किए हैं। उन्होंने कहा कि आज के युग में तकनीकी शिक्षा का महत्व और अधिक बढ़ गया है। आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस और डाटा एनालिसिस के सही उपयोग से समाज में एक सकारात्मक परिवर्तन आएगा।

विद्यार्थियों को समाज की आधुनिक जरूरतों के हिसाब से अपने को तकनीकी रूप से तैयार करना होगा। उन्होंने प्रसन्नता जाहिर की कि यहां के विद्यार्थियों को प्रतिष्ठित कंपनियों में काम करने का मौका मिल रहा है। समारोह को प्रोफेसर दामोदर आचार्य और सौरभ श्रीवास्तव ने भी संबोधित किया। अंतर्राष्ट्रीय सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान, नया रायपुर के निदेशक प्रोफेसर प्रदीप कुमार सिन्हा ने संस्थान का प्रतिवेदन प्रस्तुत किया और विद्यार्थियों को शपथ दिलाई। इस अवसर पर राज्य के विश्वविद्यालयों के कुलपतिगण, प्राध्यापकगण और विद्यार्थी उपस्थित थे।

ad inner footer ad inner footer ad inner footer ad inner footer ad inner footer ad inner footer ad inner footer ad inner footer ad inner footer ad inner footer ad inner footer ad inner footer ad inner footer ad inner footer

#buttons=(Accept !) #days=(20)

Welcome to Chhattisgarh SevaLearn More
Accept !