महासमुन्द दो कम 60 उम्र बताते हुए प्रमिला जगत ने कलेक्टर से बातचीत में बताया कि वे अपना हस्ताक्षर और शब्दों को पहचानना सीख गई है। जगत पढ़ना-लिखना अभियान के अंतर्गत प्रौढ़ शिक्षा के आंकलन हेतु प्राथमिक शाला कुम्हारा पारा में चल रही महापरीक्षा देकर निकली थी। इस दौरान कलेक्टर ने उनसे बातचीत की थी। कलेक्टर ने उनसे ऐसे ही और पढ़ना-लिखना सीखने की बात दोहराई।
कलेक्टर डोमन सिंह ने आज अपराह्न महासमुन्द के प्राथमिक शाला कुम्हार पारा, ग्राम सोरिद और बेमचा स्कूल चल रही महापरीक्षा अभियान का निरीक्षण करने पहुंचे थे। उन्होंने ग्राम सोरिद स्कूल में आंकलन परीक्षा दे रहे 40 वर्षीय श्री हीरालाल यादव से भी बात की। इस मौके पर उनके साथ मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत आकाश छिकारा, सहायक संचालक स्कूल शिक्षा हिमांशु भारतीय साथ थे। महासमुन्द जिले में आज 3 सितंबर को 10 हजार असाक्षर आंकलन परीक्षा में शामिल हुए। परीक्षा सबेरे 10ः00 बजे से 05ः00 बजे तक चली। अनुदेशकों से भी परीक्षा के संबंध में जानकारी ली। अनुदेशकों ने बताया कि पितृपक्ष के कारण परीक्षार्थी धीरे-धीरे आते है।
महासमुन्द जिले में आंकलन के लिए 372 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं, जिसमें से 44 केन्द्र नगरीय निकाय एवं 328 ग्राम पंचायत क्षेत्र के लिए बनाए गए है। कलेक्टर एवं अध्यक्ष, कार्यकारिणी समिति जिला साक्षरता मिशन प्राधिकरण डोमन सिंह ने महापरीक्षा अभियान के सफल क्रियान्वयन हेतु जिला एवं विकासखण्ड में स्थापना की है।
इसके लिए अधिकारियों-कर्मचारियों की ड्यूटी लगायी गयी है। 7746 महिला शिक्षार्थी और 2254 पुरुष शिक्षार्थियों की संख्या है। उन्होंने बताया कि जिले में परीक्षार्थियों के लिए 372 केन्द्र के लिए केन्द्राध्यक्ष एवं 500 पर्यवेक्षक की नियुक्ति की गई है। परीक्षा की मॉनिटरिंग के 14 सदस्यों का दल जिला स्तरीय एवं प्रत्येक विकास खण्ड के लिए चार सदस्यों का दल इस तरह सभी विकास खण्ड के लिए 20 सदस्यों का दल नियुक्त किया

