महासमुन्द जिला साक्षरता मिशन प्राधिकरण के कार्यकारिणी समिति की बैठक आज कलेक्ट्रेट कार्यालय के सभाकक्ष में कलेक्टर श्री डोमन सिंह की अध्यक्षता में आयोजित हुआ। बैठक में अधिकारियों ने बताया कि पढ़ना-लिखना अभियान के तहत् जिले के 10 हजार असाक्षरों को साक्षर करने के लिए 998 स्वयंसेवी शिक्षकों को ऑनलाईन व ऑफलाईन प्रशिक्षण दिया गया है। पढ़ना-लिखना अभियान एप में 10 हजार असाक्षरों का बुनियादी प्रवेशिका पुस्तक सहित तथा स्वयं सेवी शिक्षकों का अनुदेशक मार्गदर्शिका पुस्तक सहित फोटो अपलोड की कार्रवाई की जा रही है।
कलेक्टर सिंह ने फोटो अपलोड के लिए विकासखण्ड शिक्षा अधिकारियों के माध्यम से तत्काल कार्य पूर्ण कराने के निर्देश जिला शिक्षा अधिकारी को दिए तथा स्वयं सेवी शिक्षकों को 120 घंटा में बुनियादी प्रवेशिका आखर झांपी पाठ्यक्रम को पूर्ण करने के लिए समय सारणी दिया जाए, जिससे समय-सीमा मे पढ़ाई का कार्य पूर्ण हो सकें। उन्होंने राष्ट्रीय सेवा योजना के स्वयं सेवक, डाइट के छात्र अध्यापक, नेहरू युवा केन्द्र के स्वयं सेवक साक्षरता केन्द्र के संचालन में स्वयं सेवी शिक्षकों को अपने ग्राम, वार्ड में सहयोग करने को कहा।
इसी तरह महिला बाल विकास विभाग, चिकित्सा विभाग, उपसंचालक पंचायत समाज कल्याण विभाग, राजीव गांधी शिक्षा मिशन, कृषि विभाग, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग, आदिम जाति विकास विभाग के मैदानी कर्मचारियों से साक्षरता केन्द्र संचालन में सहयोग करने के लिए विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया गया और जिले में पूर्व में संचालित साक्षरता कार्यक्रम के नवसाक्षरों के द्वारा असाक्षरों को प्रोत्साहित करने के लिए प्रेरित करें। इस अवसर पर जनपद पंचायत महासमुन्द के अध्यक्ष यतेन्द्र साहू, जनपद पंचायत सरायपाली के अध्यक्ष कुमारी भास्कर, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी आकाश छिकारा, आदिम जाति कल्याण विभाग के सहायक आयुक्त पूजा बंसल, जिला शिक्षा अधिकारी रॉबर्ट मिंज, पंचायत विभाग के उप संचालक दीप्ति साहू, जिला परियोजना अधिकारी रेखराज शर्मा, एन.एस.एस. के जिला समन्वयक डांॅ मालती तिवारी, एन.सी.सी. प्रभारी प्रदीप कन्हेर, डाईट प्राचार्य अरूण प्रधान, सुनीता तांडी पी.सी.पुरोहित अमित तिवारी सहित अन्य अधिकारीगण उपस्थित थे।

