छुरा गरियाबंद
छत्तीसगढ़ सेवा न्यूज़
रिपोर्टर-रामकुमार यादव
संपर्क सूत्र-9009867006
*महात्मा गांधी रोजगार गारंटी योजना अंतर्गत ग्राम पंचायतों में काम है पूरी तरह से बंद*
*छुरा ऱोजगार सहायक संघ तीन सूत्रीय मांगों को लेकर है अनिश्चितकालीन हड़ताल पर*
*सचिव संघ छत्तीसगढ़ और रोजगार सहायक संघ दोनों संघ है हड़ताल पर*
*रोजगार की तलाश मेंलोग कर रहे हैं अब अन्य राज्यों में पलायन की तैयारी*
अपने तीन सूत्रीय मांगों को लेकर
ग्राम रोजगार सहायक संघ छत्तीसगढ़ के आवाहन पर छुरा ब्लाक अंतर्गत ग्राम पंचायत रोजगार सहायक संघ ने अपनी तीन सूत्रीय मांग,
वेतन एवं नियमतीकरण, ग्राम रोजगार सहायकों को वरीयता के आधार पर पंचायत सचिव पद पर सिधी भर्ती, एवं नगरीय निकाय क्षेत्र में सम्मिलित ग्राम पंचायत के रोजगार सहायकों को पंचायत सेवा में रखने को लेकर अनिश्चितकालीन हड़ताल पर बैठे हैं ।
विगत कई दिनों से हड़ताल पर जाने से गांवों में महात्मा गांधी रोजगार गारंटी योजना अंतर्गत काम पूरी तरह से बंद हो चुका है लोगों को रोजगार नहीं मिलने से ग्रामीण क्षेत्रों में शासन प्रशासन के खिलाफ गुस्सा उबल रहा है।
देखा जाए तो रोजगार सहायकों को पंचायतों में सेवा देते हुए 13 -14 वषों से ज्यादा हो चुकी है और शासन प्रशासन का महत्वपूर्ण योजनाओं का क्रियान्वयन में रोजगार सहायकों का सबसे महत्वपूर्ण भूमिका रहती है । पर आज भी इनके साथ सौतेला व्यवहार समझ से परे लगता है जबकि छत्तीसगढ़ में सरकार बदलने पर कांग्रेस सरकार से रोजगार सहायक उम्मीद लगाकर बैठे थे ऐसे में दो साल बीत जाने पर ध्यान नहीं दिये जाने पर निराशा में रोजगार सहायकों ने सचिव संघ के साथ हड़ताल पर चले गए हैं।
बताना लाजिमी है कि इससे पहले भी ग्राम रोजगार सहायक संघ ने अपनी नियमतीकरण का मांग को लेकर शासन प्रशासन को ज्ञापन सौंपा था मांग पूरी नहीं होने पर अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाने का सूचना दिया गया था पर इस ओर शासन प्रशासन ने ध्यान नहीं दिया गया।
शासन प्रशासन के द्वारा रोजगार सहायक संघ का मांग का अनदेखी करने का खामियाजा भुगतना पड़ रहा है आमजनमानस को क्यों कि गांवों में जिस तरह से कोरोना काल में लोग अपने घरों में दुबके हुए थे और उनके पास रोजगार नहीं था पर अब उम्मीद था की महात्मा गांधी रोजगार गारंटी योजना में रोजगार मिलेगा और उन्हें कहीं अन्य जगह में जाने की जरूरत नहीं होगी पर अभी वर्तमान समय में रोजगार उपलब्ध नहीं होने से लोग रोजगार हेतु पलायन को अन्य राज्यों में जाने की तैयारी कर रहे हैं।
रोजगार सहायक संघ के द्वारा हड़ताल पर जाने से रोजगार गारंटी का काम पूरी तरह से बंद है
वैसे भी देखा जाए तो एक कर्मचारी अगर अनुपस्थित रहता है तो दुसरे कमॅचारी उस काम को पूरा करने में अपनी योगदान देते हैं पर अभी पंचायत सचिव संघ भी अपनी मांग को लेकर हड़ताल पर बैठे हैं जिससे ग्राम पंचायत का काम पूरी तरह से ठप्प पड़ा हुआ है
आमजनमानस का कोई भी काम नहीं हो पा रहा है
पर देखना और सोचने लायक बात है कि अभी तक छत्तीसगढ़ शासन के द्वारा कोई भी उचित निर्णय क्यूं नहीं लिया गया है और लगातार रोजगार सहायक, पंचायत सचिव का अनदेखी किया जा रहा है
जबकि छत्तीसगढ़ शासन का सबसे महत्वपूर्ण विभागों में से एक पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग है जिसके मंत्री वरिष्ठ नेता टी एस सिंहदेव है जो कि अपने कार्य और नेतृत्व क्षमता के लिए जाने जाते हैं ऐसे में मुख्यमंत्री और मंत्री जी का खामोशी बहुत कुछ बोल रहा है।
पर इसमें पीस रहे हैं छत्तीसगढ़ की करोड़ों जनता जिनका ग्राम पंचायत में नहीं हो पा रहा है कोई भी काम
*क्या कहते हैं रोजगार सहायक संघ के पदाधिकारी*
*छुरा ब्लाक रोजगार सहायक संघ के उपाध्यक्ष टिकेश्वर वर्मा ने बताया कि जब तक शासन प्रशासन हमारी मांग नहीं मानेंगे तब तक हम हड़ताल खत्म नहीं करेंगे जरूरत पड़ी तो भूख हड़ताल करते हुए उग्र आंदोलन करेंगे क्योंकि छत्तीसगढ़ शासन हमारे साथ अन्याय कर रहा है छत्तीसगढ़ शासन का महात्मा गांधी रोजगार गारंटी योजना के अंतर्गत एवं अन्य कामों को जिस तरह से रोजगार सहायकों को दिया जाता है
पर जहां वेतनमान का बात आता है हमें एक मजदूर के बराबर भी वेतन नहीं दिया जाता है वहां हम वषों से विभिन्न योजनाओं का लाभ आमजनमानस को दिला रहे हैं पर आज तक हमारा नियमतीकरण नहीं हुआ है जिससे हमें हमारा काम के अनुसार न उचित मेहनताना मिलता है न ही हमारा भविष्य को हम ऐसे में सुरक्षित महसूस करते हैं हमारी तीन सूत्रीय मांगों को छत्तीसगढ़ शासन मान ले हड़ताल खत्म हो जाएगा और। पुनः एक बार सभी योजनाओं का लाभ आमजनमानस को दिलायेंगे**
अनिश्चितकालीन हड़ताल में छुरा ब्लाक अंतर्गत 74 पंचायतों के समस्त रोजगार सहायक एवं सचिव जनपद पंचायत के सामने सांस्कृतिक भवन के पास बैठे हैं सभी रोजगार सहायक रोजगार सहायक संघ के अध्यक्ष मीरा कंवर, उपाध्यक्ष टिकेश्वर वर्मा, सचिव रूपसिंह साहू, रितेश यदु, का नेतृत्व में हो रहे हैं सम्मिलित







